मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निशुल्क हृदय जांच शिविर अभियान का शुभारंभ किया

उज्जैन। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को चिंतामण गणेश मंदिर स्थित विद्या भवन में जिले में श्रंखलाबद्ध निशुल्क हृदय जांच शिविर अभियान का शुभारंभ किया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर कहा कि आजकल कई व्याधियों के कारण हृदय से संबंधित रोग हो रहे हैं। हर आयु वर्ग के लोगों में हृदयाघात के प्रकरण में बढोतरी हो रही है। निशुल्क हृदय रोग जांच शिविर एक अच्छा और अनुकरणीय आयोजन है। अनियमित दिनचर्या और खानपान से हृदय रोग होने की संभावना रहती है। कोरोना महामारी के पश्चात हृदय रोग के प्रकरण तेजी से बढे है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा आयुष्मान भारत निरामयम योजना प्रारंभ की गई है। जिसके अंतर्गत 05 लाख रुपए तक का उपचार शासन द्वारा वहन किया जाता है। इस अभियान के प्रारंभ होने से हृदय से संबंधित सभी आवश्यक जांचे हो सकेगी और आमजन को वरिष्ठ चिकित्सकों का परामर्श भी प्राप्त होगा। अगर जांच में कुछ पाया जाता है तो उसका उपचार भी समय पर प्रारंभ होगा। निरोगी काया सबसे बडा सुख है। हमें हृदय रोग के प्रति अधिक से अधिक जनजागृति फैलाने की आवश्यकता है। मालवा क्षेत्र स्वास्थ्य सेवाओं की दृष्टि से निरंतर संपन्न हो रहा है। मध्यप्रदेश शासन द्वारा हाल ही में क्रिटिकल केसेस के लिए एयर ऐंबुलेंस सेवा भी प्रारंभ की गई है। प्रदेश में निरंतर सुपर स्पेशलिटी अस्पताल भी प्रारंभ किए जा रहे है।
निशुल्क हृदय रोग जांच अभियान वर्तमान में उज्जैन में प्रारंभ हुआ है लेकिन आने वाले समय में इसे पूरे राज्य में संचालित किया जाएगा। हम इसे पायलेट प्रोजेक्ट के रूप में संचालित करेंगे। शीघ्र ही उज्जैन को मेडिकल कॉलेज की सौगात भी मिलने वाली है। साथ ही यहां मेडिकल डिवाईस पार्क भी शीघ्र प्रारंभ होगा। उज्जैन में सिंहस्थ महापर्व को ध्यान में रखते हुए धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ औद्योगिक विकास के लिए भी तेज गति से कार्य किए जा रहे है। शिविर के माध्यम से सबकी समस्याओं का निदान हो सके यही ईश्वर से प्रार्थना है। आने वाले दिनों में महाशिवरात्रि पर उज्जैन में वृहद स्तर पर वन्य उत्पाद मेला भी लगाया जाएगा। साथ ही विक्रमोत्सव का शुभारंभ होगा और विक्रम व्यापार मेले की शुरुआत भी होंगी। आने वाले दिनों में कई आयोजन किए जाएंगे।
अभियान के मुख्य संयोजक सत्यनारायण खोईवाल ने अभियान की रुप रेखा के बारे में बताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के 02 वर्ष का कार्यकाल पूर्ण होने के उपलक्ष्य में इस अभियान का आयोजन किया जा रहा है। यह अभियान आगामी 20 मार्च तक चलाया जा रहा है। उल्लेखनीय है कि यह अभियान जिला प्रशासन के सहयोग से पूर्णिमाश्री सेवा संगठन द्वारा चलाया जाएगा। इसमें उज्जैन के एसएन कृष्णा अस्पताल, अवंति अस्पताल, देवास के अमलतास अस्पताल, भोपाल के अनंत हार्ट अस्पताल, इंदौर के आरोग्य भारती इंडेक्स मेडिकल कॉलेज, अरबिंदों मेडिकल कॉलेज, गोकुलदास अस्पताल और इंडियन मेडिकल ऐसोसिएशन उज्जैन का विशेष सहयोग रहेगा।
अभियान के अंतर्गत विभिन्न स्थानों पर श्रंखलाबद्ध शिविर लगाए जाएंगे। इनमें अनुभवी डॉक्टरों द्वारा हृदय रोग से संबंधित परामर्श दिए जाएंगे। इसके अलावा इसीजी, इको, लीपिड प्रोफाईल, ब्लड शुगर एवं अन्य प्राथमिक जांचें, आयुष्मान कार्ड बनाने की सुविधा योजना के अंतर्गत निशुल्क इलाज एवं आपरेशन की सुविधा और एम्बुलेंस की सुविधा प्रदान की जाएगी। उपरोक्त सेवाएं पूर्णत: निशुल्क प्रदान की जाएगी।
अतिथियों द्वारा मां भारती और मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रिमोट का बटन दबाकर अभियान का औपचारिक शुभारंभ किया। संस्था के श्री विक्रम सिंह ने सभी अतिथियों का स्वागत और सम्मान किया।
इसके पश्चात इंदौर के आयुर्वेद महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ. पराजाक्ता तोमर ने आयुर्वेद के माध्यम से हृदय रोगों के उपचार के संबंध में प्रेजेंटेशन दिया। इसमें हृदयाघात के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। जिनमें इसके लक्षण और पंचकर्म के द्वारा इसके उपचार के बारे में विस्तार से बताया गया। साथ ही अपने दैनिक आहार में मोटे अनाज को शामिल करने की सलाह दी गई।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव के द्वारा इंडियन मेडिकल ऐसोसिएशन के माध्यम से बनाए गए पेम्पलेट का विमोचन भी किया गया। साथ ही शिविर में अपनी सेवाएं देने वाले डॉक्टरों को सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर जगदीश अग्रवाल, पूर्व मंत्री पारस जैन, राजेंद्र भारती, इकबाल सिंह गांधी, राजेश धाकड, रवि सोलंकी, बहादुर सिंह बोरमुडला, ओम जैन एवं अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।