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Ujjain News: बाबा महाकाल के दरबार से होगी रक्षाबंधन की शुरुआत

24 Aug 2023

भस्म आरती में पुजारी परिवार की महिलाएं बंधेगी बाबा महाकाल को राखी

उज्जैन। 12 ज्योतिर्लिंगों में विश्व प्रसिद्ध बाबा महाकाल की धार्मिक नगरी में हर तीज-त्योहार और पर्व की शुरुआत महाकालेश्वर मंदिर से होती है। रक्षा बंधन पर्व की शुरुआत भी बाबा महाकाल के दरबार से होगी। तड़के 3 बजे भस्म आरती में सबसे पहले पुजारी परिवार की महिलाएं बाबा महाकाल को राखी बंधेगी उसके बाद शहर में रक्षाबंधन का उल्लास दिखाई देगा। रक्षाबंधन को 5 दोनों का समय शेष बचा है और बाजार में रौनक दिखाई देने लगी है।


भाई बहनों के स्नेह का प्रतीक रक्षाबंधन 30 अगस्त को मनाया जाएगा। जिसकी शुरुआत बाबा महाकाल के दरबार से होगी। भस्म आरती में पुजारी परिवार की महिलाएं बाबा महाकाल को राखी बंधेगी इसके बाद बाबा महाकाल को सवा लाख लड्डुओं का भोग लगाया जाएगा। पुजारी प्रदीप गुरु ने बताया महाकाल ज्योतिर्लिंग की पूजन परंपरा में श्रावणी पूर्णिमा का विशेष महत्व है। इस दिन पुण्य पवित्र श्रावण मास का समापन होता है और भगवान महाकाल को सवा लाख लड्डुओं का महाभोग लगाया जाता है। वही रक्षाबंधन का पर्व होने पर बाबा को राखी बांध पर्व की शुरुआत होगी। विशेष यह है कि जो भक्त श्रावण मास में पूरे माह उपवास रखते हैं, वे रक्षाबंधन के दिन भगवान महाकाल की लड्डू प्रसादी ग्रहण करके उपवास खोलते हैं। इसलिए भक्तों को पूरे दिन महाप्रसादी का वितरण किया जाता है। परंपरा अनुसार सवा लाख लड्डुओं का भोग भस्म आरती करने वाले पुजारी परिवार की ओर से लगाया जाता है। इसलिए इस बार का महाभोग हमारे परिवार द्वारा भक्तों के सहयोग से लगाया जाएगा। महापर्व पर मंदिर में विशेष पुष्प सज्जा की जाएगी।


बड़ा गणेश मंदिर में रात 9 बजे मानेगा रक्षाबंधन


महाकाल मंदिर के समीप स्थित बड़ा गणेश मंदिर में रक्षाबंधन का पर्व प्रतिवर्ष धूमधाम के साथ मनाया जाता है । इस बार राखी पर दिन में भद्रा होने से भगवान बड़े गणेश को रात 9 बजे राखी बांधी जाएगी। पुजारियों के अनुसार भद्रा के साए में राखी बांधना शुभ नहीं माना जाता है। इसलिए रात को 8 बजकर 50 मिनट पर भद्रा समाप्त होने के बाद भगवान को राखी बांधी जाएगी। पुजारी परिवार भी रात में त्यौहार मनाएंगे। गौरतलब हो कि बड़ा गणेश मंदिर में भगवान गणेश को देश-विदेश में रहने वाली बहाने राखी भेजती है जिस परंपरा अनुसार भगवान को बांधा जाता है। इस बार भी विदेश से राखीयो के आने का क्रम शुरू हो चुका है।

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