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Ujjain News : 650 लाख वर्ष पुराने डायनासोर के अण्‍डे बन रहे हैं लोगों के आकर्षण का केंद्र

उज्जैन। दशहरा मैदान पर आयोजित वन विभाग के श्री महाकाल वन मेले में लगे वन मंडल धार के डायनासोर जीवाश्‍म राष्‍ट्रीय उद्यान के एक स्‍टॉल पर लगभग 650 लाख वर्ष पुराने डायनासोर के अण्‍डे और जांघ की हड्डी लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बनी हुई है।


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श्री महाकाल वन मेले में मध्य प्रदेश के धार जिले के बाग़ और कुक्षी क्षेत्र के लगभग 650 लाख वर्ष पुराने (मास्ट्रिशिएन युग) में टाइटेनोसोरस के जीवाश्म अंडे (Fossilised Eggs) और जांघ की हड्डी को देखने के लिए लोगों की उत्‍सुकता बनी हुई है।


विशेषज्ञों ने इन गोल पत्थरों की जांच के बाद पुष्टि की कि ये करोड़ों साल पुराने डायनासोर के अंडे हैं, जो मुख्य रूप से टाइटेनोसोरस (Titanosaurus) प्रजाति के हैं। यह लमेटा सैंडस्‍टोन चट्टान से निर्मित है। अधिकांशत: यह धार जिले के दक्षिण-पश्चिमी क्षेत्र में पाए जाते है।

स्‍टॉल पर डायनासोर की जांघ की ऊपरी हड्डी का 1/3 भाग भी प्रदर्शित किया गया है। इसकी प्राचीनता 890 लाख से 1000 लाख वर्ष पूर्व (ट्युरोनियन से सेनोमेनियन काल) बताई गई है। यह निमाड़ सैंडस्‍टोन चट्टान से निर्मित है। अधिकांशत: यह धार जिले के दक्षिण-पश्चिमी क्षेत्र में पाए जाते है।


शार्क के जीवाश्‍म दांत


श्री महाकाल वन मेले में लगे स्‍टॉल पर शार्क के जीवाश्‍म दांत भी प्रदर्शित किए गए है जिसकी प्राचीनता 7400 लाख वर्ष पूर्व (कैम्‍पेनियन काल) मानी जाती है। यह ग्‍लूकोनॉयडिग सैंडस्‍टोन चट्टान से निर्मित होकर दक्षिण-पश्चिमी क्षेत्र में प्राप्‍त होता है।

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विलुप्‍त समुद्रीजीव एमोनाइट एवं हैमिएस्‍टर के जीवाश्‍म


यह जीवाश्‍म लगभग 860 लाख से 890 लाख वर्ष पूर्व (ट्युरोनियन काल) माना जाता है। यह बाग ग्रुप ऑफ लाइमस्‍टोन चट्टान से निर्मित होकर मध्‍य दक्षिणी धार में प्राप्‍त होता है। इसी तरह हैमिएस्‍टर समुद्री जीव के जीवाश्‍म भी मार्ल डी.सी स्‍टोन में प्राप्‍त होते है।


फायजा संघ के जीवाश्‍म (थलीय मीठे पानी का जीव)


यह जीवाश्‍म लगभग 600लाख वर्ष पूर्व (मास्ट्रिशिएन काल) का माना जाता है। यह इन्‍टर ट्रेपियन लाइमस्‍टोन चट्टान से निर्मित होकर धार के उत्‍तर-पूर्व क्षेत्र में प्राप्‍त होता है।


अरुकेरिया वृक्ष के तनों के जीवाश्‍म


यह जीवाश्‍म लगभग 740 लाख से 650 लाख वर्ष पूर्व(मास्टिशिएन युग) का बताया जाता है। यह जीवाश्‍म सूप्राबाग रेड सैंडस्‍टोन में मध्‍य-दक्षिणी धार में प्राप्‍त होता है।

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