
उज्जैन। 20 दिन पूर्व कपड़ों की दुकान में हुई लाखों की चोरी को कंजर गिरोह ने अंजाम दिया था। पुलिस ने तीन बदमाशों को हिरासत में लिया है। वारदात का मुख्य आरोपी फरार है। गिरफ्त में आए कंजरों को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है।
8-9 अगस्त की रात इंगोरिया थाना क्षेत्र के ग्राम चिकली में शुभम पिता ओम प्रकाश सेठी की रेडीमेड कपड़ों की दुकान में लाखों के कपड़े चोरी होने की वारदात सामने आई थी। पुलिस ने मामला दर्ज करने के बाद सीसीटीवी कैमरा के फुटेज देखे थे। बदमाशों का सुराग स्कॉर्पियो गाड़ी से आने का लगा था। 20 दिनों की तलाश के बाद पुलिस ने साइबर सेल टीम की मदद से देवास जिले के टोंककला में रहने वाले कंजर गिरोह के तीन सदस्यों को हिरासत में लिया है। जिनकी निशानदेही पर 50 हजार रुपए कीमत के कपड़े और वारदात में प्रयुक्त स्कॉर्पियो बरामद कर ली गई है। हिरासत में आए बदमाश नागजी राम पिता प्रकाश कंजर, कल्याण पिता नाथूलाल कंजर और आकाश पिता कल्याण कंजर टोंक कला के रहने वाले हैं। वारदात का मुख्य सरगना अरुण कंजर होना सामने आया है जो सोनकच्छ का रहने वाला है। जिसकी तलाश के लिए एक टीम सोनकच्छ रवाना की गई है। रविवार को मामले का खुलासा करने के बाद गिरफ्त में आए कंजर गिरोह के तीनों सदस्यों को न्यायालय में पेश कर रिमांड पर लिया गया है।
खुलासे में इनकी रही भूमिका
कंजर गिरोह के गिरफ्त में आने पर मामले का खुलासा करते हुए अनुविभागीय अधिकारी महेंद्र सिंह परमार ने बताया कि वारदात का सुराग लगाने और बदमाशों को हिरासत में लेकर माल बरामद करने में इंगोरिया थाना प्रभारी चंद्रिका सिंह यादव, उप निरीक्षक सावन मूवेल, सहायक उप निरीक्षक दिनेश निनामा, सुनील देवके, प्रधान आरक्षक संग्राम सिंह, आरक्षक स्वरूप, सतीश राठौर और साइबर सेल प्रभारी प्रतीक यादव के साथ प्रधान आरक्षक प्रेम सबरवाल की भूमिका रही है।